प्रदेश के सभी राजकीय, सवित्त एवं वित्तविहीन विद्यालयों में कार्यरत अध्यापकों की परिषद को वेबसाइट पर अपलोड सूची और उनके शैक्षिक विवरणों को 20 मार्च तक अपडेट करने के लिए माध्यमिक शिक्षा परिषद के सचिव दिव्यंकात शुक्ल ने जिला विद्यालय निरीक्षकों को निर्देश जारी किए हैं। अपडेट सूची के अनुसार ही यूपी बोर्ड की सत्र 2020-21 कौ परीक्षा में मूल्यांकन, कक्ष निरीक्षक आदि के लिए शिक्षकों की ड्यूटी लगाई जाएगी। सचिव की ओर से जारी पत्र में कहा गया है कि सूची अपलोड होने से अर्ह शिक्षकों की ही ड्यूटी लगेगी और उन्हें पारिश्रमिक का भुगतान किया जा सकेगा। सचिव ने निर्देश दिए हैं कि वेबसाइट पर केवल नियमित रूप से कार्यरत एवं परिषदीय नियमों के तहत निर्धारित अर्हता एवं योग्यता वाले अध्यापकों के विवरणों को ही अपलोड किया जाए। अगर त्रुटिवश किसी का नाम अपलोड हो जाता है तो उसे तुरंत डिलीट किया जाए। जो अध्यापक दिवंगत हो चुके हैं या विद्यालय छोड़ चुके हैं, उनके नाम डिलोट कर दिए जाएं। रिटायर शिक्षक अगर पुनः मूल शिक्षक के रूप में नियुक्त किए गए हैं तो उनके नाम रिटायर्ड पूल शिक्षक के रूप में अवश्य अपलोड किए जाएं।
Related Posts
अल्पसंख्यक शैक्षणिक संस्थानों के लिए नियुक्ति का कोई पूर्ण अधिकार नहीं’ सुप्रीम कोर्ट ने डब्लू बी मदरसा सेवा आयोग अधिनियम को सही ठहराया
सुप्रीम कोर्ट ने पश्चिम बंगाल मदरसा सेवा आयोग अधिनियम 2008 की संवैधानिकता को बरकरार रखते हुए कहा था कि अल्पसंख्यक…
बरेली मण्डल के अशासकीय सहायता प्राप्त मा.वि.में स्थानांतरण हेतु रिक्तियों के पुष्टिकरण के संबंध में
नीट-यूजी मामले में बड़े पैमाने पर कोई धांधली नहीं हुई है,-केन्द्र सरकार
केंद्र सरकार ने बुधवार को सुप्रीम कोर्ट में हलफनामा दाखिल कर कहा कि नीट-यूजी मामले में बड़े पैमाने पर कोई…